

राष्ट्रीय सृजन पुरस्कारों की घोषणा, मधुकांत को साहित्यश्री सम्मान
बीकानेर। राष्ट्रभाषा हिन्दी प्रचार समिति ने वर्ष 2026 के राष्ट्रीय सृजन पुरस्कारों की घोषणा कर दी है। समिति का सर्वोच्च मलाराम माली स्मृति साहित्यश्री सम्मान रोहतक के साहित्यकार मधुकांत को उनके समग्र साहित्यिक अवदान के लिए प्रदान किया जाएगा। वहीं डॉ. नंदलाल महर्षि स्मृति हिन्दी सृजन पुरस्कार जयपुर के कथाकार-उपन्यासकार डॉ. सूरजसिंह नेगी को उनकी औपन्यासिक कृति ‘भावेश जो कह न सका’ के लिए दिया जाएगा। सभी पुरस्कार 27 सितम्बर को श्रीडूंगरगढ़ में आयोजित समारोह में अर्पित किए जाएंगे। समिति अध्यक्ष श्याम महर्षि एवं उपाध्यक्ष डॉ. मदन सैनी ने बताया कि हिन्दी की विभिन्न विधाओं में श्रेष्ठ सृजन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रतिवर्ष राष्ट्रीय स्तर पर इन पुरस्कारों का आयोजन किया जाता है। इस वर्ष देश के 12 से अधिक राज्यों से प्रविष्टियां एवं प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनमें से चयन समिति ने कृतियों और रचनाकारों का चयन किया। रवि पुरोहित ने बताया कि शिवप्रसाद सिखवाल स्मृति महिला लेखन पुरस्कार उज्जैन की साहित्यकार मीरा जैन को उनके व्यंग्य संग्रह ‘हेल्थ हादसा’ के लिए प्रदान किया जाएगा। वहीं श्यामसुन्दर नागला स्मृति बाल साहित्य पुरस्कार मड़वा नगर, उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ बाल साहित्यकार लाल देवेंद्र कुमार श्रीवास्तव को उनकी बाल काव्य कृति ‘देश की मिट्टी है अनमोल’ के लिए दिया जाएगा।
