

गंगेश्वर पार्श्वनाथ जैन मंदिर में मंत्रों व भक्ति गीतों की गूंज
बीकानेर। डेढ़ शताब्दी प्राचीन शिवबाड़ी के जीर्णोंद्धार के बाद नव निर्मित गंगेश्वर पार्श्वनाथ मंदिर में रविवार को सामूहिक स्नात्र पूजा व परमात्मा के 18 अभिषेक के समय मंत्रों व भक्ति गीतों की गूंज रही। बड़ी संख्या में श्रावक-श्राविकाओं ने मूलनायक भगवान पार्श्वनाथ के साथ नो प्रमुख जिन बिम्बों की मंगलमूर्तियों के दर्शन-वंदन किए। पूजा के लाभार्थी हस्तीमल सेठी ने बताया कि इनमें भगवान आदिनाथ, भगवान महावीर स्वामी, श्री शंखेश्वर पार्श्वनाथ, श्री नाकोडा भैरव, पण सहित भगवान पार्श्वनाथ की प्रतिमा, अनंत लब्धि निधान गणधर गौतम स्वामी, मणिधारी दादा श्री जिन चन्द्र सूरी, देवी पदमावती, श्री शांति नाथ चंतीर्थीं, श्री सिद्ध चक्र यंत्र, अष्टमंगल पाटली के दर्शन किए। सेठी ने बताया कि जैन श्वेताम्बर खरतरगच्छ से सम्बद्ध ज्ञान वाटिका की प्रभारी सुनीता नाहटा के नेतृत्व में बालक-बालिकाओं ने भक्ति गीतों के साथ स्नात्र पूजा, उसके बाद 18 अभिषेक तथा शांति कलश की स्थापना करवाई। करीब चार घंटें चली पूजा में विचक्षण महिला मंडल के साथ अनेक विशिष्ट श्रावकों ने भी भागीदारी निभाई।
