

रामायण प्रसंगों से भक्तिमय हुआ वातावरण
बीकानेर। सीताराम भवन में आयोजित श्री रामकथा अमृतोत्सव के दौरान भगवान श्रीराम, माता जानकी एवं लक्ष्मण के अत्रि मुनि एवं माता अनुसूइया से मिलन, चित्रकूट प्रवास सहित विभिन्न रामायण प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा के दौरान भक्तिगीतों, मानस की चौपाइयों एवं मंत्रोच्चारण से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। कथावाचक पंडित पुरुषोतम व्यास ने श्रद्धालुओं के साथ सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा का पाठ करवाया। साथ ही भगवान श्रीराम की लोकप्रिय स्तुति —
“श्री रामचन्द्र कृपालु भजुमन, हरण भवभय दारुणम्।
नव कंज लोचन, कंजमुख, कर कंज पद कंजारुणम्॥”
का भावपूर्ण गायन किया, जिससे श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर हो गए। कथा के दौरान अनेक भजनों एवं स्तुतियों की प्रस्तुति ने कार्यक्रम स्थल को पूर्णतः राममय बना दिया। श्रद्धालुओं ने जय श्रीराम के उद्घोष के साथ कथा का आनंद लिया। सोमानी परिवार की ओर से आयोजित इस धार्मिक आयोजन में आगामी दिनों में “नानी बाई रो मायरो” की संगीतमय कथा का आयोजन भी किया जाएगा। कथा का वाचन एवं विवेचन वृंदावन के पंडित देवेश दीक्षित महाराज करेंगे।
