Bikaner Bikaner District Rajasthan

स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े पत्रकारों के परिवार होंगे सम्मानित, पत्रकारिता के कानूनी पहलुओं पर होगी संगोष्ठी

हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने पर जार करेगा सम्मान समारोह
बीकानेर। (जार) की बीकानेर इकाई द्वारा हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आगामी 30 मई को सम्मान समारोह एवं संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा। इस विशेष आयोजन में स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान हिन्दी पत्रकारिता के माध्यम से राष्ट्र चेतना जागृत करने वाले पत्रकारों और उनके परिवारजनों को सम्मानित किया जाएगा। जार के महासचिव विशाल स्वामी ने बताया कि हिन्दी पत्रकारिता ने देश की आजादी की लड़ाई में एक मजबूत वैचारिक हथियार के रूप में कार्य किया था। पत्रकारों ने अपने लेखन, समाचार पत्रों और विचारों के माध्यम से जनमानस में राष्ट्रभक्ति और स्वतंत्रता की भावना को जागृत किया। ऐसे पत्रकारों के योगदान को स्मरण करने और नई पीढ़ी को उनसे प्रेरणा देने के उद्देश्य से यह आयोजन किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि समारोह में “आजादी के पत्रकार” अवार्ड प्रदान कर स्वतंत्रता संग्राम कालीन पत्रकारों के परिवारों को सम्मानित किया जाएगा। इस अवसर पर शौकत उस्मानी, गंगादास कौशिक, दाऊ लाल आचार्य, वैद्य मघाराम, शंभुशेखर सक्सेना, अंबालाल माथुर तथा इंदुभूषण गोयल के परिवारों को आमंत्रित कर सम्मान समर्पित किया जाएगा।
समारोह में बीकानेर के वरिष्ठ पत्रकार नारायण दास रंगा को भी विशेष सम्मान प्रदान किया जाएगा। उनका समाचार पत्र “झौपड़ी की आवाज” लंबे समय तक बीकानेर की जनभावनाओं और आमजन के मुद्दों की मुखर आवाज बना रहा। स्थानीय पत्रकारिता में उनके योगदान को देखते हुए जार द्वारा उन्हें सम्मानित किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान पत्रकारिता से जुड़े समकालीन विषयों पर एक महत्वपूर्ण संगोष्ठी भी आयोजित की जाएगी। संगोष्ठी में पत्रकारिता के दौरान कानूनी सावधानियों, मीडिया की जिम्मेदारियों, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता तथा संवैधानिक मर्यादाओं जैसे विषयों पर वरिष्ठ अधिवक्ताओं द्वारा विस्तार से जानकारी दी जाएगी। आयोजकों का कहना है कि वर्तमान समय में पत्रकारों के लिए कानूनी जानकारी और संवैधानिक सीमाओं की समझ अत्यंत आवश्यक हो गई है।
कार्यक्रम के आयोजन के लिए एक संयोजकीय समिति का गठन किया गया है। समिति में राजेश ओझा, अरविन्द व्यास, आनन्द आचार्य, नारायण उपाध्याय, जीतू बीकानेरी, शिव भादाणी, उमेश पुरोहित तथा मनोज व्यास को शामिल किया गया है। जार पदाधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन हिन्दी पत्रकारिता की गौरवशाली परंपरा को सम्मान देने के साथ-साथ पत्रकारिता के मूल्यों, जिम्मेदारियों और लोकतांत्रिक भूमिका को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का एक महत्वपूर्ण प्रयास होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *