

एल्युमिनी मीट में पुरानी यादें ताजा की, गुरुजनों का किया सम्मान
बीकानेर। सादुल पब्लिक स्कूल एल्युमिनी एसोसियेशन की ओर से आयोजित एल्युमिनी मीट में पूर्व छात्रों ने पुरानी यादें ताजा की। स्कूल में 1944 से 1982 तक पढ़े करीब 70 पूर्व छात्रों ने मीट में भाग लिया। सादुल स्पोर्ट्स स्कूल प्रांगण में हुए गरिमामय आयोजन में वंदे मातरम के बाद गुरु शिष्य सम्मान की परम्परा का निर्वाह किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सबसे सीनियर छात्र महावीर सिंह तंवर ने संस्मरण सुनाए। विशिष्ट अतिथि पूर्व छात्र पूर्व मंत्री देवीसिंह भाटी ने स्कूल की दशा सुधारने पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि राजे महाराजे शिक्षा का इतना भव्य मंदिर बना कर चले गए। विभाग से अब इसकी सार संभाल रहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि स्कूल के लिए सरकार को कोई ऐसा प्रोजेक्ट लाना चाहिए जिससे खेलों के साथ बिल्डिंग की भी सार संभाल हो सके। स्कूल के उप प्राचार्य अजय पाल सिंह ने स्कूल की प्रोग्रेस पेश की। एसोसियेशन के संस्थापक संरक्षक स्व डॉ अनिल आहूजा की स्मृति में स्कूल के टॉपर छात्र को गोल्ड मेडल दिया गया। इस अवसर पर आहूजा के परिवार के सदस्य भी मौजूद रहे। इस मौके पर एसोसियेशन के चुनाव हुए। एड हॉक कमेटी के अध्यक्ष डॉ एस एन हर्ष को सर्व सम्मति से एसोसियेशन का अध्यक्ष चुन लिया गया। वे जल्दी ही अपनी कार्यकारिणी की घोषणा करेंगे।
टीचर शिवनाम सिंह, गिरीश दुबे, मधुसूदन व्यास, महेश व्यास, घनश्याम सिंह का पूर्व छात्रों ने सम्मान किया। सभी पूर्व छात्रों को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए। ओपन सेशन में नलिन बुधवार, विमल मल्होत्रा, जसविन्द्र सिंह, डॉ वीरेंद्र नेत्रा, अमेरिका से कुमारील भार्गव, दिल्ली से कमांडर आरपीएस जोसन, पंजाब डॉ बलविंदर सिंह, जयपुर से पदम कांत चतुर्वेदी, मधुकांत चतुर्वेदी, एस एस खींची, डॉ जे एस मेहता, डॉ एच एस कुमार, डॉ हिमांशु दाधीच, अश्वनी शर्मा, पंकज शर्मा, आलोक शर्मा आदि ने अपने संस्मरण सुनाए। दिवंगत पूर्व छात्र डॉ अनिल आहूजा, श्रवण पालीवाल, हनुवंत सिंह दाऊदसर, कर्नल लक्ष्मण सिंह राठौड़ के निधन पर दो मिनट का मौन रख कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
