

मंदिरों के विकास और श्रद्धालुओं की सुविधाओं पर विशेष जोर
जयपुर/बीकानेर। प्रदेश में धार्मिक स्थलों के सुनियोजित विकास और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार विशेष प्रयास कर रही है। इसी क्रम में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने मंदिरों की भूमि का योजनाबद्ध विकास करने तथा तीर्थयात्रियों, विशेषकर वरिष्ठ नागरिकों की सुविधाओं और देखभाल को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव श्रीनिवास देवस्थान विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने राज्य के मंदिरों की भूमि से अतिक्रमण हटाने के निर्देश देते हुए कहा कि इस संबंध में राजस्व, गृह एवं देवस्थान विभाग संयुक्त रूप से कार्रवाई करें। उन्होंने प्रदेश के प्रमुख मंदिरों में लाइव दर्शन की सुविधा शुरू करने तथा मंदिरों में उपलब्ध व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। साथ ही सभी जिला कलेक्टरों के माध्यम से नए मंदिरों की सूची तैयार करवाने को कहा। मुख्य सचिव ने मंदिरों से जुड़े ट्रस्टों का पंजीकरण प्राथमिकता से करने, पुजारियों के रिक्त पदों को भरने तथा पुजारी संवर्ग की समीक्षा करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने दान राशि के प्रबंधन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर देते हुए स्पष्ट किया कि विभागीय कार्यों में किसी भी प्रकार की अनियमितता नहीं होनी चाहिए।
