

शांति निकेतन में आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित
बीकानेर। तेरापंथी सभा गंगाशहर द्वारा शांति निकेतन सेवा केंद्र में आयोजित आध्यात्मिक कार्यक्रम में साध्वी विशदप्रज्ञा जी ने जीवन, मृत्यु और आत्म-कल्याण के गहरे रहस्यों पर प्रकाश डाला। अपने उद्बोधन में कहा कि संसार में सभी भौतिक द्रव्यों और पुद्गलों का मिलना-बिछड़ना (संयोग-वियोग) निश्चित है, लेकिन केवल आत्मा ही शाश्वत, अजर और अमर है। ज्ञान और दर्शन के लक्षणों वाली यह आत्मा कभी नष्ट नहीं होती। साध्वी ने स्पष्ट किया कि संथारा किसी दबाव, प्रलोभन या नाम-यश के लालच में नहीं, बल्कि केवल आत्म-कल्याण और दृढ़ मनोबल के साथ किया जाता है। इस अवसर पर साध्वी मननयशा जी ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
