

युवाओं की ऊर्जा का सकारात्मक उपयोग देश के विकास में अहम
बीकानेर। युवा ही देश का भविष्य हैं, इसलिए उनकी क्षमताओं और ऊर्जा का सदुपयोग ही देश के विकास की दिशा तय करता है। यह विचार शंकरलाल हर्ष ने मेजर जनरल जयदेवसिंह स्मृति विचारपीठ के मुख्य अतिथि के रूप में व्यक्त किए। इस अवसर पर चुनिंदा प्रशिक्षकों का सम्मान किया गया। हर्ष ने विभिन्न उदाहरणों एवं प्रसंगों के माध्यम से कहा कि आज के युवाओं की भावनाओं और ऊर्जा को ‘असाध्य वीणा’ की तरह साधने की आवश्यकता है, ताकि उनका सकारात्मक मार्गदर्शन कर देश को विकास की राह पर आगे बढ़ाया जा सके। अध्यक्षीय उद्बोधन में गिरधरलाल आचार्य ने कहा कि युवाओं में आगे बढ़ने की असीम क्षमता है। इसलिए उन्हें अपनी जिज्ञासाओं को हमेशा बनाए रखना चाहिए और निरंतर सीखने के लिए प्रयासरत रहना चाहिए। कार्यक्रम में सबीना बानो, प्रवीण शर्मा, मुकेश राज व्यास, गवरा देवी एवं सुमन वर्मा सहित चुनिंदा प्रशिक्षकों का सम्मान किया गया।
