

आत्म हत्याओं को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन व सुसाइड फी यूनिवर्स संकल्प समिति करेगी साथ में काम
बीकानेर। धैर्य रखें ये समय भी निकल जाएगा.. यदि इस बात को हर व्यक्ति समझ ले तो निश्चित रूप से कोई अवसाद, कोई भी तनाव आपके जीवन को नुकसान नहीं पहुंचा सकता। यह उद्गार पुलिस महानिरीक्षक ओमप्रकाश ने शुक्रवार को इनर एम्पावर वेलनेस सेंटर के शुभारम्भ अवसर पर व्यक्त किए। गौड़ी पार्श्वनाथ सभागार में आयोजित इस समारोह को सम्बोधित करते हुए पुलिस महानिरीक्षक ओमप्रकाश ने कहा कि देश में जितनी हत्याएं हो रही हैं उससे कहीं ज्यादा आंकड़ा आत्महत्या का है। आत्महत्या की मूल वजह कर्ज का मायाजाल, पारिवारिक कलह और नशा है। मूलतः इन तीनों कारणों से ही व्यक्ति अपनी जीवनलीला समाप्त करता है। हम सबका दायित्व रहना चाहिए कि सूदखोरी को पनपने न दें, यदि कोई भाई-बंधु पिछड़ गया है तो उसे सहारा दें और उसकी निराशा को दूर करें, और प्रयास करें आवेश में कोई भी गलत कदम न तो उठाएं और न ही उठानें दें। नशे के खिलाफ प्रशासन काफी प्रयासरत है लेकिन हम सबकी जिम्मेदारी है कि हम भी अपने आसपास नशे की बिक्री पर लगाम कसें।
कार्यक्रम में स्वागत उद्बोधन देते हुए राष्ट्रीय संयोजक बच्छराज लूणावत ने समारोह को सम्बोधित करते हुवे बताया कि सरकारें अपने स्तर पर आत्म हत्याओं को रोकने के लिए अथक प्रयास कर रही है हर प्रदेश में व केन्द्र सरकार द्वारा आत्म हत्या कि मुक्ति अभियान चलाऐं जा रहे है लेकिन इस अभियान की सफलता के पीछे आचार्य श्री की प्रेरणा एवं मार्गदर्शन का होना है अब तक लगभग नौ लाख लोगों को इस अभियान के तहत शपथ दिलाई जा चुकी है। इस अवसर पर पूर्व राष्ट्रीय महामंत्री रिद्धकरण सेठिया ने बताया कि इस सेंटर में योग गुरु संजीव कश्यप एवं मनोचिकित्सक डॉ. सिद्धार्थ असवाल अपनी सेवाएं निःशुल्क प्रदान करेंगे।
अतिथियों का अभिनंदन पूर्व महापौर नारायण चौपड़ा, विजय कोचर, विनोद सेठिया, देवेन्द्र बांठिया, सोहनलाल बैद, हाजी मकसूद अहमद, सुभाष मित्तल, डॉ. नरेश गोयल, अशोक श्रीश्रीमाल द्वारा किया गया। कार्यक्रम में डॉ. जे.एस मेहता, हरीश नाहटा, डॉ. मनीष बोथरा, सुरेश गुप्ता, किशन लोहिया, महेन्द्र बरडिया, शांतिलाल कोचर, विमल गोलछा, किसन बोथरा, भीखमचंद लूणिया, जेठमल नाहटा, मोतीलाल सेठिया, महावीर गिडिया, प्रो. नरसिंह बिनानी, प्रेम बांठिया, प्रेम सोनावत, गौतम तातेड़, सत्येन्द्र बैद, पवन ए सोनावत, सुनील बांठिया, पंकज बांठिया का सान्निध्य रहा। इस दौरान ललिता सेठिया, विनिता सेठिया, कविता सेठिया,मुकुल दस्सानी, मीना दस्सानी, मेनका बांठिया, मधु सोनावत, कला पुगलिया, राखी तातेड़ उपस्थित रहे
