

जीवन प्रवाह डिजिटल संस्करण का हुआ विमोचन
बीकानेर। स्वामी संवित सोमगिरिजी महाराज के समय-समय पर प्रकाशित सद्साहित्यों में से 108 अनमोल सोमवाणी के ’जीवन प्रवाह’ डिजिटल संस्करण के रूप में विवेक गुरु द्वारा भक्ति की गई है, जिसका ऑनलाइन विमोचन श्रीगुरु पूर्णिमा के अवसर पर स्वामी समनन्दगिरि महाराज, महंत, श्री सप्तमातृका नार्मदीय वेद सेवा मठ ने महेश्वर से, मानव प्रबोधन प्रणयास के संरक्षक एवं अतिवरिष्ठ साधक श्री बी.जी. व्यास ने स्वामी संवित सोमगिरिजी महाराज के समाधि मंदिर से और संग्रहकर्ता गुरुजी ने एसबीएम ट्रस्ट कार्यालय से बुकिंग कराई। विवेक गुरु ने बताया कि यह डिजिटल संस्करण पी.डी.एफ के रूप में सभी साधकों के लिए निःशुल्क उपलब्ध रहेगा। श्रीगुरु पूर्णिमा के अवसर पर गुरुदेव का स्मरण करते हुए स्वामी समनन्दगिरिजी महाराज ने कहा था कि वर्तमान समय में प्रत्यक्ष रूप से हमको पूज्य गुरुदेव का सानिध्य और मार्गदर्शन तो नहीं मिल रहा है लेकिन उनके द्वारा रचित सद्साहित्य उसी रूप में हम शिष्यों के बीच चल रहे हैं। आवश्यकता है उस सद्साहित्य का सन्निधि प्राप्त करने की, उसका स्वाध्याय करने की, उससे आत्म सत्संग करने की।
