Bikaner Bikaner District Jaipur Rajasthan

मजबूत होगा आरजीएचएस का प्रबंधन, किए जाएंगे जरूरी सुधार चिकित्सा विभाग ने प्रारंभ की तैयारियां

अनियमितता पर जीरो टोलरेंस प्रमुख शासन सचिव ने बैठक लेकर दिए निर्देश
जयपुर। राजस्थान गवर्नमेंट हैल्थ स्कीम का संचालन अब चिकित्सा एवं शिक्षा विभाग द्वारा किया जाएगा। चिकित्सा विभाग ने रोगियों को योजना का समुचित लाभ दिलाने के लिए योजना के क्रियान्वयन को बेहतर बनाने, अस्पतालों तथा फार्मेसी स्टोर के एम्पेनलमेंट, क्लेम प्रक्रिया को पारदर्शी एवं सुगम बनाने के लिए काम प्रारंभ कर दिया है। योजना का प्रबंधन और क्रियान्वयन अब नए स्वरूप में सामने आएगा। किसी भी प्रकार की अनियमितता पर जीरो टोलरेंस की नीति के साथ एक्शन लिया जाएगा। साथ ही, यह सुनिश्चित किया जाएगा कि लाभार्थी का किसी प्रकार का उत्पीड़न नहीं हो। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव श्रीमती गायत्री राठौड़ ने यह योजना चिकित्सा विभाग के अधीन आने के बाद शनिवार को पहली बैठक ली और योजना में आवश्यक सुधार के लिए दिशाकृनिर्देश दिए। उन्होंने कहा कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से राजस्थान स्टेट हैल्थ एश्योरेंस एजेंसी के माध्यम से मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना का प्रभावी रूप से संचालन किया जा रहा है और इस योजना से प्रदेश के करीब 1 करोड़ 34 लाख परिवार लाभान्वित हो रहे हैं। इसी अनुभव को देखते हुए राज्य सरकार ने आरजीएचएस योजना के संचालन और प्रबंधन की जिम्मेदारी राजस्थान स्टेट हैल्थ एश्योरेंस एजेंसी को सौंपी है।
सुधार के लिए तैयार करें एक्शन प्लान
श्रीमती राठौड़ ने एजेंसी के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे जल्द से जल्द आरजीएचएस योजना के सभी पक्षों का अध्ययन कर उसमें सुधार के लिए एक्शन प्लान तैयार करें ताकि योजना में किसी भी स्तर पर अनियमितता की गुंजाइश नहीं रहे। योजना में अस्पतालों और दवा दुकानों का एम्पेनलमेंट, रोगियों का ओपीडी एवं आईपीडी में रजिस्ट्रेशन, टीआईडी जनरेशन, उपचार की एप्रूवल सहित सभी प्रक्रियाओं का गहन अध्ययन कर उन्हें सुदृढ़ बनाया जाए। जहां भी सुधार की आवश्यकता हो तत्काल उसके संबंध में कार्यवाही की जाए।
पोर्टल पर हो फीडबैक का ऑप्शन, स्पष्ट दिशाकृनिर्देश के लिए बनाएं एसओपी
प्रमुख शासन सचिव ने कहा कि योजना के प्रभावी संचालन की दृष्टि से पोर्टल पर एक फीडबैक ऑप्शन उपलब्ध करवाया जाए, जिस पर लाभार्थी योजना के बारे में अपना रिव्यू दे सके। इससे योजना का लाभ लेने में आने वाली समस्याओं का पता चल सकेगा और उन्हें समय पर दूर किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि योजना के लिए एक एसओपी भी तैयार की जाए, जिसमें उपचार के संबंध में स्पष्ट दिशाकृनिर्देश हों। उन्होंने कहा कि योजना में अस्पतालों को भुगतान की प्रक्रिया पहले आओ, पहले पाओ की तर्ज पर हो और पूरी तरह पारदर्शी हो।
योजना को बनाया जाएगा पेशेंट फ्रेण्डली
राजस्थान स्टेट हैल्थ एश्योरेंस एजेंसी की मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती प्रियंका गोस्वामी ने कहा कि एजेंसी की ओर से योजना के सुदृढ़ीकरण के संबंध में आवश्यक तैयारियां प्रारंभ कर दी गई हैं। जल्द ही योजना में आवश्यक सुधार कर इसे पेंशेंट फ्रेण्डली बनाया जाएगा। हमारा प्रयास है कि ऐसा फुल प्रूफ सिस्टम विकसित हो, जिससे किसी भी स्तर पर कोई भी अनियमितता नहीं हो। योजना में तकनीकी स्तर पर भी आवश्यक सुधार किए जाएंगे।
परियोजना अधिकारी श्रीमती शिप्रा विक्रम ने आरजीएचएस योजना के विभिन्न पक्षों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की अतिरिक्त मिशन निदेशक डॉ. टी. शुभमंगला सहित मुख्यमंत्री आयुष्मान आरोग्य योजना एवं आरजीएचएस योजना से जुड़े अधिकारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *