

स्व. बोथरा की स्मृति में शोक सभा आयोजित
बीकानेर। मुनिश्री कमल कुमार ने फरमाया कि स्व. सुरेन्द्र बोथरा सहज, सरल और शान्त स्वभाव का व्यक्ति था और उसने ऐसा ही जीवन जीया। मुनि श्री डॉ. विनोद कुमार ने स्मृति सभा को संबोधित करते हुए कहा कि संसार अपने नियमों से चलता है। इस पर किसी का जोर नहीं चलता है. इन नियमो को स्वयं तीर्थंकर भगवान भी नहीं टाल सकते। मुनिश्री मुकेश कुमार ने आचार्य श्री महाश्रमण से प्राप्त संदेश का वाचन किया। तेरापंथी महासभा के संरक्षक व गंगाशहर तेरापंथ न्यास के ट्रस्टी जैन लूणकरण छाजेड़ ने कहा की तेरापंथ के गुरुओं के कृपा पात्र सुरेंद्र बोथरा के चले जाने से एक रिक्तता समाज में आयी है परन्तु प्रकृति के आगे किसी का भी जोर नहीं चलता। छाजेड़ ने श्रद्धांजलि व्यक्त करते हुए मंगलकामना व्यक्त की और कहा कि आत्मा अपने चरम लक्ष्य को प्राप्त करें।
