

यूपीआई पर प्रस्तावित एमडीआर का बीकानेर जिला उद्योग संघ ने किया विरोध
बीकानेर। बीकानेर जिला उद्योग संघ ने यूपीआई के माध्यम से होने वाले चुनिंदा व्यापारी लेनदेन पर प्रस्तावित मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) लागू किए जाने का विरोध किया है। संघ का कहना है कि छोटे व्यापारियों और दुकानदारों के लिए पहले से ही व्यापार संचालन चुनौतीपूर्ण है। ऐसे में डिजिटल भुगतान से जुड़े अतिरिक्त शुल्क से उनकी लागत बढ़ सकती है। बीकानेर जिला उद्योग संघ के अध्यक्ष द्वारकाप्रसाद पचीसिया ने कहा कि यूपीआई ने देश में डिजिटल भुगतान को आसान और आम लोगों की पहुंच में बनाया है। छोटे व्यापारी भी लंबे समय से यूपीआई के माध्यम से भुगतान स्वीकार कर रहे हैं। ऐसे में यूपीआई लेनदेन पर किसी भी प्रकार का अतिरिक्त वित्तीय भार व्यापारियों के हित में नहीं है। सचिव वीरेंद्र किराडू ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा घोषित नए यूपीआई ढांचे के तहत 15 अक्टूबर 2026 से ₹2,000 से अधिक के चुनिंदा व्यक्ति-से-व्यापारी (P2M) लेनदेन पर 0.4 प्रतिशत एमडीआर लागू होगा। हालांकि, ₹2,000 तक के व्यापारी लेनदेन पर एमडीआर नहीं लगेगा। साथ ही, यूपीआई के माध्यम से प्रतिमाह ₹1 लाख तक प्राप्त करने वाले छोटे व्यापारियों के लिए जीरो-एमडीआर व्यवस्था जारी रहेगी। सरकार के अनुसार करीब 96 प्रतिशत P2M लेनदेन इस बदलाव से प्रभावित नहीं होंगे।
