

दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कार्यवाही करने की मांग
बीकानेर। पशुपालन विभाग के निर्दोष कर्मचारियों के विरुद्ध की जा रही दमनात्मक कार्यवाहियों से प्रदेश के लाखों कर्मचारियों में आक्रोश है। अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष महावीर शर्मा ने बताया कि विगत कुछ माह से पशुपालन विभाग के कर्मचारियों पर लगातार दमनात्मक कार्यवाही करते हुए 30 से ज्यादा कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया है। राजस्थान पशु चिकित्सा कर्मचारी संघ के द्वारा सक्षम स्तर पर विरोध दर्ज करवाने के बावजूद आज तक निलंबित कर्मचारियों को बहाल नहीं किया गया। पशुपालन विभाग के शासन सचिव द्वारा मनमाने तरीके से निर्दोष कर्मचारियों के विरुद्ध की जा रही दमनात्मक कार्यवाही के विरोध में महासंघ के प्रांतीय कार्यालय में आपात बैठक आयोजित की गई। बैठक में दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कार्यवाही करवाने एवं निर्दोष कर्मचारियों को बहाल करवाने के लिए पशुपालन कर्मचारी संघ के समर्थन में चरणबद्ध आंदोलनात्मक गतिविधियां प्रारंभ करने का निर्णय किया गया। आंदोलन के प्रथम चरण में 24 मार्च को अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघके जिला अध्यक्ष जिला कलेक्टर को ज्ञापन देकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। द्वितीय चरण में 25 मार्च से महासंघ से संबद्ध समस्त कर्मचारी प्रतिदिन विरोधस्वरूप काली पट्टी बांधकर ड्यूटी पर जाएंगे। इसके बाद भी यदि 30 से ज्यादा निलंबित निर्दोष कर्मचारियों को बहाल करते हुए दोषी अधिकारियों के विरुद्ध ठोस कार्यवाही नहीं की गई तो 26 मार्च से फार्मर रजिस्ट्री शिविरों में समस्त ऑनलाइन कार्यों का बहिष्कार किया जाएगा।
